मैनपुरी(सुवि)जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने जिला उद्योग एवं उद्यमिता खादी एवं ग्रामोद्योग, श्रम प्रवर्तन, स्वतः रोजगार, प्राविधिक, व्यावसायिक, शिक्षा विभाग की संचालित योजनाओं की विभागवार समीक्षा के दौरान संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि अपने-अपने विभागीय लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति के लिए माहवार कार्य-योजना तैयार कर लक्ष्यों की पूर्ति करें, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत गठित समूहों को समय से योजना का लाभ मिले ताकि समूह की महिलाओं की आर्थिक स्थिति में सुधार हो और वह स्वावलम्बी बन सकें, श्रम विभाग की योजनाओं का लाभ श्रमिकों, उनके परिजनों को उपलब्ध कराया जाये ताकि वह भी सम्मान के साथ जीवन-यापन कर सकें। उन्होने बैंकर्स से कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप पात्र लाभार्थियों को समयबद्ध ढंग से ऋण उपलब्ध करायें ताकि अधिक से अधिक युवा स्व-रोजगार स्थापित कर आत्मनिर्भर एवं स्वावलंबी बन सकें, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान की समीक्षा के दौरान कैनरा, एच.डी.एफ.सी. बैंक की लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि बैंकों को भेजी गई सभी पत्रावलियों का तत्काल परीक्षण कर स्वीकृति प्रदान करते हुए ऋण वितरण सुनिश्चित किया जाए, अनावश्यक रूप से किसी भी पत्रावली को लंबित अथवा निरस्त न किया जाए यदि किसी आवेदन में कमी हो तो लाभार्थी को अवगत कराते हुए उसका शीघ्र समाधान कराया जाए। उन्होंने सी.एम. युवा फैलो को निर्देशित किया कि बैंक शाखावार मासिक लक्ष्य निर्धारित कर मॉनिटरिंग करें, बैंक अधिकारियों से सतत संपर्क बनाए रखें, स्वीकृति एवं ऋण वितरण की प्रक्रिया में पूर्ण सहयोग प्रदान करें, जिससे पात्र युवाओं को समय पर वित्तीय सहायता मिल सके और वह अपना रोजगार स्थापित कर आर्थिक रूप से सशक्त बन सकंे।
श्री त्रिपाठी ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि उपायुक्त उद्योग द्वारा अपने स्तर से मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के अंतर्गत विभिन्न बैंकों में प्रेषित पत्रावलियों की अपने स्तर से समीक्षा नहीं की जा रही है, बैंकर्स से समन्वय की कमी के कारण योजना में प्रगति में सुधार नहीं हो पा रहा है। उन्होंने उपायुक्त उद्योग को निर्देशित करते हुए कहा कि बैंकर्स के साथ साप्ताहिक समीक्षा करायंे, बैठक में लाभार्थियों की भी उपस्थिति सुनिश्चित कराई जाए ताकि बैंकर्स लाभार्थियों को एक साथ बिठाकर पत्रावलियों में जो भी कमियां हैं, उन्हें तत्काल दूर कराकर ऋण स्वीकृत कराया जा सके। उन्होंने बैठक में उपस्थित उद्यमियों से कहा कि जनपद में 10 एकड़ भूमि पर प्लेस-पार्क विकसित करें, इस हेतु शासन द्वारा प्रति एकड़ रू. 50 लाख इंटरनल विकास के लिए मात्र 01 रूपया ब्याज दर पर उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने ट्रांसपोर्ट नगर के संबंध में सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी, नगर निकाय से कहा कि तिथि निर्धारित कर ट्रांसपोर्ट नगर में ही ट्रांसपोर्टर सम्मेलन कराकर ट्रांसपोर्ट नगर को विकसित किया जाए। उन्होंने उप जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी यातायात, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका को निर्देशित करते हुए कहा शहर के मुख्य बाजार में बृहस्पतिवार को साप्ताहिक बाजार न लगे, साप्ताहिक बाजार निश्चित स्थान पर ही लगे है, सुनिश्चित किया जाये, साप्ताहिक बाजार के कारण शहर के मुख्य-मार्ग में जाम की स्थिति बनी रहती है, जिस कारण आमजन को आवागमन में असुविधा का सामना करना पड़ता है।
मुख्य विकास अधिकारी नेहा बंधु ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि कुछ बैंकर्स द्वारा लाभार्थीपरक, जन-कल्याणकारी योजनाओं में ऋण वितरण में कोताही बरती जा रही है, बैंकर्स द्वारा या तो पत्रावलियां समय से स्वीकृत नहीं की जा रही है या अकारण पत्रावलियों को निरस्त किया जा रहा है, कुछ प्रकरण में पत्रावलियां स्वीकृत के उपरांत भी ऋण वितरण नहीं किया जा रहा है। उन्होंने ऋण वितरण में लापरवाही बरतने वाले बैंक शाखा प्रबंधकों, जिला समन्वयक को निर्देशित करते हुए कहा कि ऋण वितरण में कोताही न बरतें, लाभार्थियों को प्राथमिकता पर ऋण उपलब्ध करायें ताकि वह अपना स्वतःरोजगार स्थापित कर सावलंबी बन सकें। उन्होंने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना की समीक्षा के दौरान पाया कि माह अगस्त में 510 ऋण पत्रावलियों के लक्ष्य के सापेक्ष अभी विभिन्न बैंकों द्वारा मात्र 357 पत्रावलियों पर ही ऋण वितरण किया गया है, सबसे खराब प्रगति कैनरा बैंक की है, बैंक की 11 शाखाओं द्वारा 165 लक्ष्य के सापेक्ष मात्र 17 पत्रावलियों पर ही ऋण वितरण किया गया है।
इस दौरान उपायुक्त एन.आर.एल.एम. शौकत अली, जिला अग्रणी प्रबंधक रामचंद्र साहा, सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी सिद्धार्थ यादव, अधिशासी अभियंता विद्युत अनिल वर्मा, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका बुद्धि प्रकाश, सहायक आयुक्त उत्कर्ष चन्द्र, जिला ग्रामोद्योग अधिकारी पवन यादव, विभिन्न बैंकों के शाखा प्रबंधक, जिला समन्वयक, अन्य संबंधित अधिकारियों के अलावा उद्यमी सीताराम तापड़िया, सुनील अग्रवाल, घनश्याम दास गुप्ता, के.के. गुप्ता, गोविन्द गुप्ता, राज कुमार गुप्ता आदि उपस्थित रहे, बैठक का संचालन उपायुक्त उद्योग डॉ. बनवारी लाल ने किया।



