मैनपुरी 25 जून, 2022- पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री उ.प्र. शासन जयवीर सिंह ने सैनिक स्कूल में 02.70 करोड़ की लागत से 80 बालिकाओं की क्षमता के हॉस्टल का भूमि पूजन कर शिलान्यास करते हुए कहा कि यशस्वी प्रधानमंत्री एवं रक्षा मंत्री ने मातृशक्ति को तीनों सेनाओं में शामिल कर महिलाओं को संबल देने का कार्य किया है, आज देश की बहादुर बेटियां जल-थल-वायु सेना में अपना योगदान देकर देश, प्रदेश, समाज, परिवार का नाम रोशन कर रही हैं, बेटियों को सेना में जाने के अवसर मिलें, इसके लिए सैनिक स्कूलों में भी अब बालिकाओं हेतु प्रवेश की व्यवस्था की गई है ताकि प्रतिष्ठित सैनिक स्कूलों में शिक्षा ग्रहण कर देश की होनहार बेटियों को सेना में जाने के अवसर मिलें और वह भी देश, राष्ट्र के सर्वांगीण विकास में अपना योगदान दे सकें। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में महिलाओं को भी सेना में भागीदारी देने का निर्णय लिया गया, उसी प्रकार सैनिक स्कूलों में बालिकाओं को प्रवेश की सुविधा उपलब्ध कराई गई, केंद्र, प्रदेश सरकार महिला सशक्तिकरण की दिशा में तेजी से कार्य कर रही है, सेना के हर कोर, क्षेत्र में महिलाओं को सेवायोजित करने की व्यवस्था की गई, यह क्रांतिकारी निर्णय यशस्वी प्रधानमंत्री, देश के रक्षा मंत्री ने लेकर विश्व को संदेश दिया है कि भारत ने हमेशा मातृशक्ति को सम्मान दिया है, मातृशक्ति को कभी कमजोर नहीं समझा बल्कि उसकी पूजा की, शक्ति के रूप में भारत में मां दुर्गा की पूजा की जाती है, महिला शक्ति को सैनिक स्कूलों में भी वरीयता देकर भविष्य में देश की सेवा करने का अवसर प्रदान किया है, यह हम सब के लिए गर्व की बात है।
पर्यटन मंत्री ने कहा कि 03 वर्ष पूर्व सैनिक स्कूल की स्थापना के बाद जनपद का गौरव बढ़ा है, कुछ वर्षों पूर्व इस क्षेत्र में ऊसर के अतिरिक्त कुछ नहीं था, जब भी लोग नेशनल हाईवे-02 से नेशनल हाईवे-01 की ओर जाते थे तो इस क्षेत्र में उनके साथ अनहोनी की आशंका बनी रहती थी लेकिन आज क्षेत्र पूरी तरह से विकसित हो चुका है, जिसमें बहुत बड़ा योगदान सैनिक स्कूल का है, आज नौनेर क्षेत्र में 50 एकड़ की भूमि पर निर्मित सैनिक स्कूल में 360 कैडेट्स शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं, जिसमें 18 बालिकाएं भी शामिल हैं, जल्द ही सैनिक स्कूल हेतु 20 एकड़ जमीन और उपलब्ध कराई जाएगी, सैनिक स्कूल में बालिका छात्रावास के निर्माण होने के फलस्वरुप यहां शिक्षा ग्रहण कर रही बालिकाओं के रहने हेतु बेहतर वातावरण मिलेगा। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित कैडेट्स से कहा कि आप सबके सामने अपने जीवन को संवारने का बेहतर अवसर है, आप लगन के साथ मेहनत करें, अनुशासित रहकर अपने जीवन में तरक्की का मार्ग प्रशस्त करें, जीवन में जिस क्षेत्र में भी जाएं वहां अपनी बौद्धिक क्षमता, सैनिक स्कूल में रहकर प्राप्त किए गए अनुशासन के बल पर अपने परिवार, समाज, प्रदेश, देश का नाम रोशन करें। उन्होने कैडेट्स से कहा कि राष्ट्र की सेवा सबसे बड़ी होती है, राष्ट्र की सीमाओं की रक्षा करना सैनिक का सबसे बड़ा दायित्व है।
जिलाध्यक्ष, सैनिक स्कूल के प्रधानाध्यापक की मांग पर सैनिक स्कूल में एक बोरवेल, मेनगेट निर्माण, सौन्दर्यीकरण का कार्य कराए जाने के अनुरोध पर पर्यटन मंत्री ने तत्काल आगणन बनाकर उपलब्ध कराए जाने के आदेश देते हुए कहा कि उक्त कार्य हेतु अपनी विधायक निधि से धनराशि मुहैया कराने की सहमति प्रदान की। इस अवसर पर जिलाधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह, सैनिक स्कूल के प्रधानाध्यापक लेफ्टिनेंट कर्नल अग्निवेश पांडेय, जिलाध्यक्ष प्रदीप सिंह चौहान, उप जिलाधिकारी सदर नवोदिता शर्मा, क्षेत्राधिकारी नगर विजय पाल सिंह, कार्यदायी संस्था मिलिट्री इंजीनियर सर्विसेज के कमलजीत सिंह, परियोजना प्रबंधक निर्माण निगम एस.पी. सिंह, जिला विद्यालय निरीक्षक मनोज कुमार वर्मा आदि उपस्थित रहे।