मैनपुरी(सुवि)जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने जनगणना सामान्य समिति की बैठक में संबंधित अधिकारियों से कहा कि जनगणना-2027 का कार्य बेहद महत्वपूर्ण है, इसलिए सभी संबंधित अधिकारी निर्धारित समय-सारणी के अनुसार समस्त तैयारियां पूर्ण करायें। उन्होने कहा कि जनगणना के प्रथम चरण मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना को समयबद्ध, पारदर्शी एवं पूर्ण कवरेज के साथ संपन्न कराना है। उन्होने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि जनगणना केवल जनसंख्या की संख्या ज्ञात करने की प्रक्रिया नहीं बल्कि यह शासन-प्रशासन के लिए सामाजिक, आर्थिक तथा विकासात्मक योजनाओं का आधार है, जनगणना के माध्यम से प्राप्त आंकड़े गांव, वार्ड, नगर एवं शहर स्तर पर एकमात्र आधिकारिक स्रोत होते हैं, जिनके आधार पर सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, आवास, पेयजल, सड़क, रोजगार, सामाजिक सुरक्षा, शहरी विकास तथा ग्रामीण विकास की योजनाएं तैयार करती है। उन्होंने कहा कि जनगणना से प्राप्त जानकारी राष्ट्र निर्माण की दिशा तय करती है, इसलिए इसे गंभीरता एवं जिम्मेदारी के साथ संपन्न कराना आवश्यक है।
श्री सिंह ने कहा कि जनगणना-2027 देश की पहली पूर्णतः डिजिटल जनगणना होगी, जिसमें आधुनिक तकनीक एवं डिजिटल प्लेटफार्म का व्यापक उपयोग किया जाएगा, इसमें मोबाइल एप्लीकेशन, सी.एम.एम.एस. पोर्टल, एच.एल.बी. क्रिएटर वेब मैप, तथा स्व-गणना पोर्टल जैसी व्यवस्थाएं शामिल होंगी, डिजिटल प्रणाली के माध्यम से आंकड़ों का संग्रहण, निगरानी एवं नियंत्रण अधिक प्रभावी रूप से किया जा सकेगा। उन्होने कहा कि जनगणना दो चरणों में संपन्न होगी, प्रथम चरण मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का कार्य 22 मई से 20 जून 2026 तक संचालित होगा, इस चरण में मकानों की स्थिति, निर्माण सामग्री, उपलब्ध सुविधाएं, पेयजल, बिजली, शौचालय, इंटरनेट, घरेलू संपत्ति आदि से संबंधित विस्तृत जानकारी एकत्र की जाएगी, द्वितीय चरण में फरवरी 2027 में जनसंख्या की गणना की जाएगी, जनपद की अनुमानित जनसंख्या लगभग 23 लाख है, जनगणना कार्य के लिए जनपद स्तर पर व्यापक प्रशासनिक ढांचा तैयार किया जा रहा है, मास्टर ट्रेनर, फील्ड ट्रेनर, प्रगणक एवं सुपरवाइजर की नियुक्ति तथा प्रशिक्षण की विस्तृत योजना प्रस्तुत की गई, जनपद में 02 मास्टर ट्रेनर, 64 फील्ड ट्रेनर तैनात किये गये है, तहसील स्तर पर तहसीलदार एवं शहरी क्षेत्र में सम्बन्धित अधिशाषी अधिकारी को चार्ज अधिकारी नामित किया गया है, इस कार्य हेतु 3741 प्रगणक, 623 सुपरवाइजरों की तैनाती की जायेगी।
उन्होने कहा कि जनगणना कार्य के लिए कार्मिकों का चयन अत्यंत सावधानी से किया जाए, प्रगणक एवं सुपरवाइजर ऐसे कर्मचारी हों जो मोबाइल संचालन में दक्ष हों, क्षेत्रीय कार्य करने में समर्थ हों तथा सेवा निवृत्ति के निकट न हों साथ ही गंभीर बीमारी से पीड़ित अथवा मातृत्व अवकाश पर रहने वाले कर्मचारियों को इस कार्य में न लगाया जाए, जनगणना प्रशिक्षण पिरामिड के अनुसार मास्टर ट्रेनर का प्रशिक्षण फरवरी-मार्च 2026 में, फील्ड ट्रेनर का प्रशिक्षण मार्च 2026 में तथा प्रगणक एवं सुपरवाइजर का प्रशिक्षण अप्रैल-मई 2026 में संपन्न कराया जाएगा, प्रशिक्षण के दौरान मोबाइल एप चलाने का लाइव डेमो, हैंड्स-ऑन प्रैक्टिस, डिजिटल टूल्स का प्रयोग तथा जनगणना प्रश्नावली की विस्तृत जानकारी दी जायेगी। बैठक में जिला सूचना विज्ञान अधिकारी मंयक शर्मा, जिला बेसिक शिक्षाधिकारी दीपिका गुप्ता सहित अन्य सम्बन्धित अधिकारी, कर्मचारी आदि उपस्थित रहे, बैठक का संचालन नाजिर रोहित दुबे ने किया।



