मैनपुरी(सूवि) 3दिवसीय ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के समापन समारोह के अवसर पर मा. मुख्यमंत्री, मा. राज्यपाल, महामहिम राष्ट्रपति के उद्बोधन के सजीव प्रसारण के पश्चात कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुये पूर्व मंत्री, विधायक भोगांव राम नरेश अग्निहोत्री ने कहा कि उत्कृष्ट, ऐतिहासिक ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के दौरान उ.प्र. में सुरक्षित माहौल, उद्यमियों के बढ़ते विश्वास के कारण देश के अन्य प्रदेशों से ही नहीं बल्कि कई देशों के निवेशकों ने प्रदेश में उद्योग स्थापित करने में विश्वास दिखाया है, पर्यटन, रक्षा, खाद्य प्रसंस्करण, इलेक्ट्रॉनिक, डेयरी, होटल, ग्रीन एनजÊ, शिक्षा, स्वास्थ्य, सौर ऊर्जा आदि क्षेत्रों में बड़ी मात्रा में निवेश प्रस्ताव मिले हैं, इन्वेस्टर्स समिट के दौरान प्रदेश में लगभग रू. 35 लाख करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव मिले, जो पूरे देश के बजट के बराबर है। उन्होंने कहा कि इन उद्योगों की स्थापना के बाद उत्तर प्रदेश दुनिया में उद्योगों का हब बनेगा। उन्होंने कहा कि 06 वर्ष पूर्व इस प्रदेश की पहचान बीमारू प्रदेश के रूप में थी लेकिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कुशल नेतृत्व में उत्तर प्रदेश विकास के पथ पर तेजी से आगे बढ़ा है, नए उद्योगों की स्थापना के बाद इस प्रदेश में रोजगार की अपार संभावनाएं होंगी, उत्तर प्रदेश देश का ही नहीं विश्व का सबसे विकसित प्रदेश बनेगा।
श्री अग्निहोत्री ने कहा कि किसी भी देश की उन्नति, प्रगति के लिए कृषि, उद्योग सबसे महत्वपूर्ण सेक्टर हैं, हम कृषि के क्षेत्र में पूरी तरह आत्मनिर्भर हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि आज हम अनाज उत्पादन के क्षेत्र में विश्व की अग्रिम पंक्ति में हैं, प्रगति, विकास के क्षेत्र में भी नंबर 01 बनना है, यही लक्ष्य हमारे सामने हैं और इस लक्ष्य की पूर्ति के लिए केंद्र-प्रदेश सरकार निरंतर प्रयास कर रही है, कोविड महामारी के फलस्वरूप विश्व के तमाम देशों की अर्थव्यवस्था बिगड़ी, कई देश इस बीमारी से बुरी तरह प्रभावित हुए लेकिन हमारे देश ने इस बीमारी का डटकर मुकाबला किया और अपनी अर्थव्यवस्था को भी सुधारने का कार्य किया। उन्होने कहा कि रक्षा के क्षेत्र में हमने काफी प्रगति की, आज हमारे देश में रक्षा से संबंधित 300 से ज्यादा सैन्य उपकरणों का निर्माण हो रहा है, फाइटर जेट, एयरबस, हेलीकॉप्टर, समुंद्री जहाज, तोप-गोले बड़ी मात्रा में देश में ही निर्मित हो रहे हैं, आज हम सैन्य उपकरणों को निर्यात करने की स्थिति में है। उन्होने कार्यक्रम में उपस्थित निवेशकों, उद्यमियों का आह्वान करते हुए कहा कि पूरा प्रशासन, केंद्र-प्रदेश सरकार उद्यमियों के साथ खड़ी है, किसी भी स्तर पर उद्योगों की स्थापना, संचालन में कोई परेशानी नहीं होगी, आप साहस, हिम्मत कर अधिक से अधिक धन राशि निवेश कर उद्योगों की स्थापना कर जनपद के विकास में अपनी भूमिका निभाएं।
जिलाधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह ने उपस्थित निवेशकों, उद्यमियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि कोई भी उद्यमी अपने मन में आशंका न पाले, उद्योगों की स्थापना के लिए जिला प्रशासन हर संभव मदद करेगा, उद्यमियों की सुरक्षा से लेकर उद्योगों की स्थापना के लिए प्रदान किये जाने वाले अनापत्ति प्रमाण पत्र, विद्युत कनेक्शन प्राथमिकता पर उपलब्ध होंगे। उन्होंने कहा कि विकास और पर्यावरण में संतुलन बेहद जरूरी है, इसके लिए इस बार इन्वेस्टर समिट में ग्रीन एनजÊ को बढ़ावा देने के लिए बड़ी संख्या में एम.ओ.यू. हुए हैं, जनपद में प्राप्त हुए प्रस्तावों के तहत उद्योगों की स्थापना से जहां एक और स्वःरोजगार को बढ़ावा मिलेगा वहीं युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे, उद्योगों की स्थापना से जनपद के विकास को रफ्तार मिलेगी। मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार ने सभी आगंतुकों का आभार व्यक्त करते हुए बताया कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के तहत जनपद के निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष निवेशकों द्वारा 09 गुने से अधिक निवेश प्रस्ताव प्रस्तुत किए हैं।
पूर्व मंत्री, जिलाधिकारी, जिलाध्यक्ष ने जनपद में उद्योगों की स्थापना हेतु अनिल अग्रवाल, अभिषेक कुमार, रविंद्र कुमार, शशांक गुप्ता, अभय दुबे, जलालुद्दीन, लक्ष्मीनारायण तापड़िया आदि द्वारा दिये गए निवेश प्रस्ताव के एम.ओ.यू. प्रमाण पत्र प्रदान किए। इस दौरान जिलाध्यक्ष प्रदीप चैहान, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष आलोक गुप्ता के अलावा पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार, अपर जिलाधिकारी राम जी मिश्र, प्रभागीय निदेशक सामाजिक वानिकी एस.एन. मौर्य, उप जिलाधिकारी सदर नवोदिता शर्मा, जिला विद्यालय निरीक्षक मनोज कुमार वर्मा, जिला कृषि अधिकारी सूर्य प्रताप, अग्रणी जिला प्रबंधक अनिल प्रकाश तिवारी, अधिशासी अभियंता विद्युत मागेंद्र कुमार, उपायुक्त उद्योग मो. सऊद, जिला पूर्ति अधिकारी क्यामुद्दीन असंारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी अजय पाल सिंह, अधिशाषी अधिकारी नगर पालिका लालचन्द भारती, उद्यमी, निवेशक आदि उपस्थित रहे।