मैनपुरी(सुवि)जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत गठित जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा के दौरान कहा कि सभी प्र. चिकित्साधिकारी अपने-अपने तैनाती स्थल पर ही रात्रि विश्राम करें, चिकित्सक, पैरामेडिकल स्टाफ समय से उपस्थित होकर आने वाले मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करायें, स्वास्थ्य केन्द्रांे पर पर्याप्त मात्रा में आवश्यक दावाओं की उपलब्धता के साथ जांच की व्यवस्था रहे। उन्होने मुख्य चिकित्साधिकारी से कहा कि जिला कारागार में कैंप लगाकर सभी कैदियों की आभा आई.डी. प्राथमिकता पर बनाई जाए, जनपद में संचालित अल्ट्रासाउण्ड सेंटर की नियमित जॉच हो, अल्ट्रासाउण्ड सेंटर संचालकों से मानकों, नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया जाये। उन्होने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से कहा कि चिकित्सक, पैरामेडिकल स्टॉफ पूरे मनोयोग से कार्य करें, स्वास्थ्य विभाग की संचालित योजनाओं का लाभ पात्र तक पहुंचाने की दिशा में सम्मिलित प्रयास किये जायें, आर.बी.एस.के. टीम नियमित रूप से विद्यालयों, आंगनबाड़ी केन्द्रो का भ्रमण कर बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण करें, गर्भवती, धात्री महिलाओं, बालिकाओं, किशोरियों की नियमित रूप से स्वास्थ्य की जांच हों, गर्भवती महिलाओं की जांच के साथ उन्हें ऑयरन, कैल्शियम की टेबलेट उपलब्ध करायी जाए।

श्री त्रिपाठी ने जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा के दौरान पाया की संस्थागत प्रसव के वार्षिक लक्ष्य 51024 के सापेक्ष माह मई 2026 तक 2221 संस्थागत प्रसव हो चुके हैं, स्वास्थ्य केंद्रवार समीक्षा के दौरान पाया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बेवर में माह मई तक 18, करहल में 28, बरनाहल में 33 प्रसव गत वर्ष की तुलना में कम हुए हैं, माह मई तक हुए संस्थागत प्रसवों के सापेक्ष 1987 प्रसुताओं को जननी सुरक्षा योजना का लाभ प्रदान किया जा चुका है। उन्होंने आशा, संगिनी के मानदेय भुगतान की समीक्षा के दौरान कहा कि आशा, संगिनी के भुगतान में किसी भी स्तर पर विलंब न किया जाए। उन्होंने प्र. चिकित्साधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि आयुष्मान कार्ड की प्रगति ठीक नहीं है, निरतंर समीक्षा, कैंपों के आयोजन के बावजूद आशा के अनुरूप आयुष्मान कार्ड की प्रगति में सुधार नहीं हो पा रहा है, स्वास्थ्य केन्द्र करहल, घिरोर, जागीर, कुरावली की प्रगति खराब है, 20 मई से 05 जून तक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घिरोर में 262, करहल में 294, जागीर में 335, कुरावली में मात्र 344 आयुष्मान कार्ड बनाए गए हैं। उन्होंने सम्बन्धित प्र. चिकित्साधिकारियों से कहा कि नेतृत्व देकर अवशेष पत्रों के आयुष्मान कार्ड बनाए जाएं ताकि बीमार होने की दशा में उन्हें योजना का लाभ मिल सके।
उन्होंने जननी सुरक्षा कार्यक्रम, राष्ट्रीय अधंता निवारण कार्यक्रम, जननी शिशु सुरक्षा योजना, परिवार कल्याण कार्यक्रम, एम्बुलेस सेवा 102, 108 के रेस्पॉस टाइम, मैटरनल डैथ, नियमित टीकाकरण, राष्ट्रीय क्षय नियंत्रण कार्यक्रम, राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन आदि योजनाओं की बिंदुवार गहन समीक्षा की। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी नेहा बंधु, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आर.सी. गुप्ता, जिला विद्यालय निरीक्षक सतीश कुमार, जिला बेसिक शिक्षाधिकारी सूर्य प्रताप सिंह, जिला क्षय रोग अधिकारी डा. आशुतोष, उप मुख्य चिकित्साधिकारी डा. सुरेन्द्र कुमार, जिला कार्यक्रम अधिकारी अशोक कुमार, स्वास्थ्य शिक्षाधिकारी रविंद्र सिंह गौर, डी.पी.एम. संजीव पांडेय, समस्त प्र. चिकित्साधिकारी, आई.एम.ए. के प्रतिनिधि डा. संजय अग्रवाल सहित अन्य सम्बन्धित अधिकारी आदि उपस्थित रहे।



