पॉलिटेक्निक किशनी में नए सत्र से कक्षा प्रारंभ करायी जाएं- अविनाश।
निर्माण कार्य की जांच गठित कमेटी से करायी जाए, कार्य की गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए-जिलाधिकारी।
खंड विकास अधिकारी प्रतिदिन गांव का स्थलीय भ्रमण कर संचालित योजनाओं, निर्माण कार्याे का सत्यापन करें-जिलाधिकारी।
मैनपुरी 09 मई, 2022- प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री आयुष्मान भारत योजना में जनपद निरतंर डी-श्रेणी में चल रहा है, इसे बी-श्रेणी में लाने के लिए प्रयास किए जाएं, सभी पात्र व्यक्तियों के तत्काल गोल्डन कार्ड बनाये जाएं, इस कार्य में आशा, आंगनवाडी कार्यकत्री, ग्राम प्रधान, कोटेदारों, सचिवों का सहयोग लिया जाए, कोटेदार प्रतिदिन कम से कम 10-10 अन्त्योदय राशन कार्ड धारकों को बीएलई के पास ले जाकर उनके गोल्डन कार्ड बनवाएं, मुख्य चिकित्साधिकारी ग्रामवार सूची उपलब्ध कराएं, सूची के अनुसार शेष पात्र व्यक्तियों के घर जाकर उन्हें गोल्डन कार्ड से आच्छादिंत किया जाए, इस कार्य में खंड विकास अधिकारी नेतृत्व दें ताकि गरीब व्यक्तियों को निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें। सभी स्वास्थ्य केन्द्रों पर पर्याप्त मात्रा में दवाएं उपलब्ध रहे, दवाओं का मिलान, सत्यापन मुख्य चिकित्साधिकारी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारियों, उप मुख्य चिकित्साधिकारियों द्वारा किया जाए, स्वास्थ्य केन्द्रों पर उपलब्ध दवाओं का स्टॉक रजिस्टर अद्यावधिक रहे, स्टोर में इंडेक्स के अनुसार दवाएं रखी जायें साथ ही स्वास्थ्य केंद्रों पर सफाई व्यवस्था दुरुस्त रहे। खंड विकास अधिकारी प्रतिदिन कम से कम 01-02 ग्रामों का स्थलीय भ्रमण कर निर्माणाधीन कार्यों, मनरेगा के संचालित कार्यों, खाद-बीज की उपलब्धता, सामुदायिक शौचालय की क्रियाशीलता, मध्यान्ह भोजन, विद्युत आपूर्ति, हैंडपंप की क्रियाशीलता, गौशालाओं, 14वें वित्त की धनराशि से कराये गये कार्यों का सत्यापन करें, गांव में संचालित विकास कार्य धरातल पर दिखाई दे, लोगों को योजना का लाभ मिले, सुनिश्चित किया जाए।
उक्त निर्देश जिलाधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह ने मुख्यमंत्री जी की प्राथमिकता वाले विकास कार्यक्रमों की समीक्षा के दौरान दिए। उन्होंने खंड विकास अधिकारी से कहा कि प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजन के लाभार्थियों का सत्यापन कर रिपोर्ट उपलब्ध करायें। उन्होने समीक्षा के दौरान कहा कि सभी अधिकारी रोजगार सृजन को बढ़ावा देने की दिशा में कार्य करें, प्रत्येक ग्राम पंचायत में मनरेगा से कार्य संचालित रहें ताकि लोगों को रोजगार मिल सके, जानकारी करने पर पाया कि विकास खंड बेवर की 24 ग्राम पंचायतों, विकासखंड घिरोर, किशनी की 13-13 ग्राम पंचायतों, विकासखंड कुरावली की 09, विकासखंड जागीर की 08, विकास खंड सुल्तानगंज की 06 एवं विकासखंड बरनाहल की 03 ग्राम पंचायतों में मनरेगा से कार्य प्रारंभ नहीं है, जिस पर उन्होंने संबंधित खंड विकास अधिकारियों को आदेशित करते हुए कहा कि तत्काल मस्टररोल जारी कर प्रत्येक दशा में 03 दिन में समस्त ग्राम पंचायतों में मनरेगा से कार्य प्रारंभ कराए जाएं। उन्होंने अधिशासी अभियंता विद्युत को निर्देशित करते हुए कहा कि निर्धारित रोस्टर के अनुसार विद्युत की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, शहरी क्षेत्र में खराब ट्रांसफार्मर 24 घंटे एवं ग्रामीण क्षेत्र में 48 घंटे में प्रत्येक दशा में बदले जाएं, किसी भी दशा में अकारण विद्युत की कटौती न की जाए।
जिलाधिकारी ने श्रम प्रवर्तन अधिकारी को आदेशित करते हुये कहा कि मनरेगा में 100 दिन कार्य करने वाले श्रमिकों का श्रम विभाग पोर्टल पर पंजीकरण कराएं ताकि उन्हें भी श्रम विभाग के संचालित योजनाओं का लाभ मिल सके। उन्होने बैठक में उपस्थित विभिन्न कार्यदायी संस्थाओं के अभियंताओं, परियोजना प्रबन्धकों से कहा कि निर्माणाधीन कार्यों में मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए, किसी भी दशा में मानकों की अनदेखी न की जाए, जिन कार्यों पर धनराशि उपलब्ध है, तत्काल उन कार्यों को पूर्ण कराकर संबंधित विभाग को हैंडोवर किया जाए, जो कार्य पूर्ण हो चुके हैं, जिला स्तर पर गठित तकनीकि समिति से उसका परीक्षण कराकर उन्हें भी हैंडोवर किया जाए, कार्य के दौरान साइट पर कोई न कोई अभियंता अवश्य मौजूद रहकर अपनी देखरेख में निर्माण कार्य कराए, कार्यदायी संस्था के वरिष्ठ अभियंता निरंतर साइट का भ्रमण कर गुणवत्ता पर नजर रखें। उन्होने परियोजना प्रबंधक आवास विकास को आदेशित करते हुए कहा कि जनपद में निर्मित कृषि बीज भंडार के भवनों में तकनीकि समिति द्वारा जो कमियां बताई गई है, उन्हें तत्काल दूर कर कृषि विभाग को हैंडोवर करें।
मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार ने उप निदेशक कृषि को निर्देशित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना के ऐसे अपात्र लाभार्थियों जिनके खाते में धनराशि भेजी जा चुकी है, उनसे धनराशि तत्काल वापस जमा कराई जाए, इस कार्य में तकनीकि सहायकों को लक्ष्य निर्धारित कर सभी अपात्र व्यक्तियों से तत्काल धनराशि जमा कराई जाए, नए पात्र लाभार्थियों को योजना में लाभ दिलाने के लिए पोर्टल पर पंजीकरण कराया जाए, प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना का लाभ पा रहे मृतक कृषकों के वारिसान को भी योजना में लाभान्वित कराया जाए। उन्होंने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की समीक्षा के दौरान पाया कि गत वित्तीय वर्ष में जनपद के 3387 लाभार्थी किसानों को 01 करोड़ 36 लाख 73 हजार 457 रु. की क्षतिपूर्ति खरीफ-2021 में बीमा कंपनी द्वारा भुगतान किया गया। उन्होंने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि संचालित गौशालाओं में उपलब्ध गोवंश के स्वास्थ्य की क्षेत्रीय पशु चिकित्साधिकारी नियमित रूप से जांच करें, पशुओं के टीकाकरण, ईयर टैगिंग की प्रगति सुधारी जाए।
बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. पी.पी. सिंह, प्रभागीय निदेशक सामाजिक वानिकी परियोजना निदेशक डीआरडीए के.के. सिंह, जिला विकास अधिकारी प्रवीण कुमार राय, डी.सी.एन.आर.एल.एम. पी.सी. राम, उप निदेशक कृषि डी.वी. सिंह, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण, जल निगम, ट्यूबवेल, विद्युत, सिंचाई सहित अन्य संबंधित अधिकारी आदि उपस्थित रहे, बैठक का संचालन अर्थ एवं संख्याधिकारी प्रशांत ने किया।