मैनपुरी 25 नवम्बर, 2023- आशा, संगिनी के मानदेय के भुगतान में विलम्ब करने पर बी.सी.पी.एम. जागीर, करहल, सुल्तानगंज को चेतावनी जारी की जाये, निजी चिकित्सकों से क्षय रोगियों की सूचना प्राप्त की जाए साथ ही दवा विक्रेताओं से भी टीबी की दवा क्रय करने वाले की सूचना एकत्र की जाए, अंतर्विभागीय अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर सक्रिय क्षय रोगी खोजी अभियान के दौरान टी.बी. के मरीजों को चिन्हित कर उन्हें बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के साथ ही संचालित योजनाओं का लाभ प्रदान कराया जाए, अभियान के दौरान प्रभावी क्रियान्वयन हो, सिर्फ खानापूर्ति न की जाए, आयुर्वेदिक, होम्योपैथिक विभाग के किसी भी चिकित्सक को बिना पूर्व अनुमति के किसी भी दशा में कहीं सबद्ध न किया जाए, आयुर्वेदिक, होम्योपैथिक चिकित्सक अपने तैनाती स्थल पर समय से पहुंचकर आने वाले मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करायें, गर्भवती के टीकाकरण के दौरान ही उससे बैंक खाता विवरण प्राप्त किया जाए, प्रसव के उपरांत डिस्चार्ज होने पर ही जननी सुरक्षा योजना का लाभ उपलब्ध कराया जाए, एंबुलेंस-102, 108 का रिस्पांस टाइम सुधारा जाए, अभी जनपद में एंबुलेंस का रिस्पांस टाइम मंडल में सबसे खराब है, नोडल अधिकारी इस ओर ध्यान दें, एंबुलेंस निर्धारित स्थान पर ही खड़ी हो, एंबुलेंस का लाभ मरीजों को मिले, सुनिश्चित किया जाए, स्थापित हेल्थ ए.टी.एम. पर लैब टेक्नीशियन मौजूद रहकर मरीजों की जांच करें, आशा, संगिनी के मानदेय, प्रसूताओं को जननी सुरक्षा योजना के भुगतान में विलम्ब न किया जाए।
उक्त निर्देश जिलाधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत जिला स्तर पर गठित जिला स्वास्थ्य समिति, सक्रिय क्षय रोगी खोजी अभियान कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान दिए दिए। उन्होंने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि जननी सुरक्षा योजना, गोल्डन कार्ड बनाने में जनपद मंडल में निरन्तर पहले स्थान पर था लेकिन गत माह से उक्त दोनों योजनाओं में जनपद मंडल में दूसरे स्थान पर है। उन्होंने प्र. चिकित्साधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि माह के अंत तक योजनाओं में प्रगति सुधार कर जनपद को पहले स्थान पर लाना सुनिश्चित करें। उन्होंने असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि आयुर्वेदिक, होम्योपैथिक चिकित्सालयों में चिकित्सकों की समय से उपस्थिति न होने, दवाई उपलब्ध न करने, दवाई उपलब्ध कराने पर धनराशि की मांग किए जाने, फार्मासिस्ट, सफाईकर्मी के द्वारा मरीज को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराये जाने की शिकायतें मिल रहीं है, प्राप्त शिकायतों की जांच कराई जा रही है यदि शिकायत सही पाई गई तो संबंधित आयुर्वेदिक, होम्योपैथिक चिकित्सक के विरुद्ध कठोर कार्यवाही होगी। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों, प्र चिकित्साधिकायों को निर्देशित करते हुए कहा कि किसी भी मरीज को बाहर की दवा न लिखी जाए, सभी स्वास्थ्य केन्द्रों पर उपकरण चालू दशा में रहे, जांच की सुविधा रहे, चिकित्सक, पैरामेडिकल स्टॉफ आने वाले मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करें। उन्होने परिवार कल्याण कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान पुरुष, महिला नसबंदी की खराब प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए प्रभारी चिकित्साधिकारियों को आदेशित किया कि स्वास्थ्य केंद्रों पर कैंप आयोजित कर महिला, पुरुष नसबंदी के लक्ष्यों की पूर्ति कर,ें परिवार कल्याण कार्यक्रम के अंतर्गत जनपद में महिला नसबंदी के वार्षिक लक्ष्य 1000 के सापेक्ष अब तक मात्र 352 एवं पुरुष नसबंदी के वार्षिक लक्ष्य 20 के सापेक्ष मात्र 05 की ही पूर्ति की गई है।
मुख्य विकास अधिकारी नेहा बंधु ने कहा कि जननी सुरक्षा योजना में प्रसूताओं, आशाओं के भुगतान की प्रगति सुधारी जाए, गर्भवती के टीकाकरण के दौरान ही उनसे बैंक डिटेल प्राप्त की जाए। उन्होंने प्र. चिकित्सा अधिकारियों से कहा कि अपने-अपने क्षेत्र की आशाओं के साथ बैठक कर उन्हें मोटिवेट किया जाए कि प्रसव के दौरान प्रसूता एम.सी.पी. कार्ड लेकर उपस्थित हों, संस्थागत प्रसव, ग्रामीणों तक स्वास्थ्य सेवाओं में बेहतर ढंग से पहुंचने वाली आशाओं को चिन्हित कर उन्हें सम्मानित किया जाए, खराब कार्य करने वाली आशाओं के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही की जाए।
बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ आर.सी. गुप्ता, परियोजना निदेशक डी.आर.डी.ए. सत्येन्द्र कुमार, मुख्य चिकित्साधीक्षक डॉ. मदन लाल, जिला विद्यालय निरीक्षक अजय कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी दीपिका गुप्ता, जिला पूर्ति अधिकारी कयामुद्दीन अंसारी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. संजीव राव बहादुर, डॉ अनिल वर्मा, एस.एम.ओ. डी.एम.सी. यूनिसेफ संजीव पांडे, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ आशुतोष, आई.एम.ए. के प्रतिनिधि डॉ. संजय अग्रवाल, मेडीकल स्टोर्स एसोसिएशन के सचिव विनय गांधी, समस्त प्रभारी चिकित्साधिकारी, डी.पी.एम. संजीव कुमार आदि उपस्थित रहे।

2 COMMENTS

Comments are closed.