मैनपुरी(सुवि)पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने जनपद के कुरावली क्षेत्र स्थित आस्था के पावन केंद्र मिट्ठू बाबा सत्यबली आश्रम परिसर में रू. 01 करोड़ 48 लाख 60 हजार की लागत से नव-निर्मित विभिन्न विकास एवं जन-सुविधा कार्यों का लोकार्पण कर जनता को समर्पित किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पर्यटन मंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार सनातन आस्था के केंद्रों के सम्मान और विकास की यात्रा को समानांतर रूप से गति दे रही है। उन्होंने कहा कि गत् वर्ष 22 नवंबर 2025 को इसी स्थान पर इस परियोजना का शिलान्यास किया गया था तथा कार्यदायी संस्था को 01 वर्ष के भीतर निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य दिया गया था, यह कार्य मात्र 11 माह की अल्प अवधि में, तय समय-सीमा से एक माह पूर्व ही पूर्ण कर लिया गया। उन्होने कहा कि जन-प्रतिनिधियों और सरकार का दायित्व अवस्थापना सुविधाओं का सृजन कर उन्हें जनता को सौंपना था, जो पूरा हो चुका है, अब इस पावन परिसर की निरंतर स्वच्छता, सुरक्षा, रख-रखाव और भव्यता बनाए रखने की प्राथमिक जिम्मेदारी स्थानीय समाज, बुजुर्गों और श्रद्धालु मातृशक्ति की है।

पर्यटन मंत्री ने क्षेत्रीय आवागमन को सुगम और आधुनिक बनाने की दिशा में घोषणा करते हुए कहा कि कुरावली- अलूपुरा – सलेमपुर- लहरा मुख्य मार्ग, जो फतेहजंगपुर रोड को भी जोड़ता है, के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण हेतु रू. 25 करोड़ का टेंडर स्वीकृत हो चुका है, इस मार्ग पर आधुनिक हॉट-मिक्स पद्धति से उच्चस्तरीय सड़क का निर्माण होगा, जिससे स्थानीय नागरिकों, यात्रियों का 25 मिनट का सफर घटकर मात्र 05 मिनट का रह जाएगा इसके साथ ही कुरावली नगर क्षेत्र को जाम की समस्या से स्थायी मुक्ति दिलाने के लिए जी.टी. रोड पर नहर की बम्बा वाली पुलिया अर्थात गैलानाथ पुल से लेकर महर्षि कश्यप चौक (प्रतिमा) तक के मार्ग को डिवाइडर युक्त 4-लेन बनाने तथा इसके सौंदर्यीकरण हेतु रू. 18 करोड़ का टेंडर स्वीकृत कर दिया गया है, इन दोनों प्रमुख मार्गों के पूर्ण होने से कुरावली और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की कनेक्टिविटी में ऐतिहासिक सुधार होगा। उन्होने कहा कि एक विधायक को अपने क्षेत्र के लिए प्रतिवर्ष रू. 05 करोड़ की विधायक निधि प्राप्त होती है, किंतु जनता के आशीर्वाद से पर्यटन एवं संस्कृति विभाग का दायित्व मिलने के उपरांत मैनपुरी के सांस्कृतिक एवं भौतिक उत्थान के लिए बजट की कोई सीमा आड़े नहीं आने दी गई। उन्होंने विभागीय प्रगति का ब्योरा प्रस्तुत करते हुए बताया कि वित्तीय वर्ष 2022-23 में मैनपुरी ब्लॉक व क्षेत्र के लिए रू. 11 करोड़ 82 लाख, वित्तीय वर्ष 2023-24 में रू. 104 करोड़, वित्तीय वर्ष 2024-25 में रू. 20 करोड़ से अधिक तथा वित्तीय वर्ष 2025-26 में रू. 38 करोड़ 38 लाख की विकास योजनाएं स्वीकृत कर धरातल पर उतारी गईं। उन्होंने कहा कि आज अयोध्या, काशी, मिर्जापुर शक्तिपीठ, नैमिषारण्य और बटेश्वर की तरह समूचे प्रदेश में सनातन संस्कृति की अमूल्य धरोहरों का जीर्णोद्धार जन-आस्था के अनुरूप किया जा रहा है।

संस्कृति मंत्री ने जनपद की सीमाओं के सौंदर्यीकरण का उल्लेख करते हुए बताया कि मैनपुरी से जुड़ने वाली पांचों जनपदों फिरोजाबाद, इटावा, एटा, फर्रूखाबाद और कन्नौज की सीमाओं पर आगंतुकों के स्वागत हेतु भव्य प्रवेश द्वार और टूरिज्म इंफॉर्मेशन थीमेटिक कॉम्प्लेक्स का निर्माण कराया जा रहा है, जिसके लिए रू. 10 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति दी गई है वहीं जिला मुख्यालय पर विकास भवन के समीप 37 बीघा विस्तृत भू-भाग पर पूर्व में स्वीकृत रू. 72 करोड़ की राशि में रू. 14 करोड़ और रू. 06 करोड़ की वृद्धि करते हुए लगभग रू. 100 करोड़ की लागत से अत्याधुनिक सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक केंद्र का निर्माण कराया जा रहा है, इस केंद्र में 01 हजार दर्शक क्षमता का पूर्ण वातानुकूलित ऑडिटोरियम, अत्याधुनिक म्यूजियम, एआर, वीआर तकनीक से मैनपुरी के ऋषि-मुनियों और तपस्वियों का जीवंत इतिहास, आधुनिक कैंटीन, गेस्ट हाउस, पार्किंग व्यवस्था उपलब्ध होगी, जिसे आगामी दो माह में लोकार्पित कर दिया जाएगा।
इस दौरान उप जिलाधिकारी कुरावली प्रदीप कुमार सिंह, जिला महामंत्री उदय चौहान, बबलू पाण्डेय, कुरावली नगर पंचायत चेयरमैन धर्मेंद्र वर्मा, ग्राम प्रधान अलूपुरा प्रतिनिधि विश्राम कश्यप, अजय कुशवाहा, गोकुलपुर प्रधान आशाराम, सोनसी से राजेश चौहान, बिचपुरा प्रधान प्रदीप वर्मा, तरौली प्रधान शिववीर सिंह, मंडल अध्यक्ष हरिओम वर्मा, सलेमपुर से नरेश सिंह राठौर, मंच संचालक कवि मनोज चौहान अशांक सहित भारी संख्या में मातृशक्ति एवं क्षेत्रवासी उपस्थित रहे



