मैनपुरी(सुवि)जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने कलेक्ट्रेट के पारिजात सभागार में मुख्यमंत्री डैशबोर्ड, मुख्यमंत्री जी की प्राथमिकता वाले विकास कार्यक्रमों की विभागवार समीक्षा करते हुए कहा कि सभी संबंधित अधिकारी विकास कार्यों की प्रदेश स्तर की रैंकिंग में जनपद को टॉप-05 में बनाए रखने के लिए सम्मिलित प्रयास करें, अपने-अपने विभाग की संचालित योजनाओं की साप्ताहिक समीक्षा करते हुए निर्धारित लक्ष्य की समय से पूर्ति सुनिश्चित करें, लाभार्थीपरक योजनाओं में पात्रों के चयन में पूरी पारदर्शित बरती जाए, निर्धारित नियमों, शर्तों का पालन करते हुए प्रत्येक पात्र को योजना में लाभान्वित कराया जाए। उन्होंने नाराजगी व्यक्त करते हुए परियोजना अधिकारी नेडा से कहा कि प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना की प्रगति सुधारें, वेंडर्स के साथ नियमित बैठक कर निर्धारित लक्ष्य की पूर्ति करें यदि सी.एम. डैशबोर्ड पर खराब प्रगति के कारण अंकों की कटौती हुई तो उत्तरदायित्व निर्धारित कर प्रभावी कार्यवाही होगी। उन्होंने असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि बार-बार निर्देशों के बाद भी फैमिली आईडी ओ.डी.ओ.पी. टूलकिट योजना, विश्वकर्मा श्रम सम्मान आदि योजनाओं में सुधार नहीं हो रहा है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि दि. 15 नवंबर तक प्रगति में सुधार करें, जो कार्यक्रम बी-कैटेगरी में हैं उन्हें ए-श्रेणी में एवं जो सी-कैटेगरी में है, उन्हें बी-कैटेगरी में लाना सुनिश्चित करें।

श्री त्रिपाठी ने समीक्षा के दौरान अधिशासी अभियंता विद्युत को निर्देशित करते हुए कहा कि विद्युत बिल में सुधार, खराब ट्रांसफार्मरों की प्रतिस्थापना से संबंधित जो भी शिकायतें प्राप्त हों, उन पर तत्काल कार्यवाही की जाए, किसी भी उपभोक्ता को खराब ट्रांसफार्मर, गलत विद्युत बिलिंग के कारण असुविधा का सामना न करना पड़े, सभी शिकायतों को निर्धारित समय-सीमा में निस्तारित किया जाए, शहरी क्षेत्र से लेकर ग्रामीण क्षेत्र तक निर्धारित रोस्टर के अनुसार निर्वाध विद्युत की आपूर्ति सुनिश्चित हो। उन्होंने कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि कृषि यंत्रों पर मिलने वाली अनुदान की राशि समय से किसानों के खातों में प्रेषित की जाए, किसी भी किसान को डीएपी, यूरिया के लिए परेशान न होना पड़े, किसानों को मांग के अनुसार निर्धारित मूल्य पर उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित कराई जाए। उन्होंने बैठक से बिना संज्ञान में लाये अनुपस्थित उप कृषि निदेशक, जिला कृषि अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने समीक्षा के दौरान पं. दीनदयाल उपाध्याय सोलर स्ट्रीट लाइट योजना, सोलर स्ट्रीट लाइट बी.के.एस. ग्राम उन्नति योजना, एकीकृत बागवानी, पर ड्राप मोर क्राप-माइक्रोइरीगेशन, खराब ट्रॉसफॉर्मर की शिकायतें, दैनिक विद्युत आपूर्ति शहरी, ग्रामीण, विद्युत बिल में सुधार हेतु आवेदन, कृषि रक्षा रसायन डी.बी.टी., प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, पी.एम. कुसुम, बीज डी.बी.टी., बीज डीबीटी, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री आवास योजना ग्रामीण, भवन निर्माण, सड़क निर्माण, एम्बुलेंस 102, 108, जननी सुरक्षा योजना का लाभ, दिव्यांग पेंशन, जल-जीवन मिशन हर घर जल, 15वां, 05वां राज्य वित्त आयोग ग्राम पंचायत, व्यक्तिगत शौचालय निर्माण, सामाजिक वनीकरण, ऑपरेशन कायाकल्प, पी.एम. पोषण, अंडा उत्पादन, निराश्रित गोवंश का संरक्षण, पशु टीकाकरण, पशुओं में कृत्रिम गर्भाधान, संरक्षित निराश्रित गोवंश की सुपुर्दगी, शादी अनुदान योजना, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री मत्स्य सम्पदा योजना, मत्स्य उत्पादन, निराश्रित महिला पेंशन, मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, प्रोजेक्ट अलंकार, ग्रामीण स्टेडियम एवं ओपन जिम, सेतुओं का निर्माण, कन्या विवाह सहायता योजना, मातृत्व शिशु एवं बालिका मदद योजना, ओ.डी.ओ.पी. वित्त पोषण योजना, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना, राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना, राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना, टेल फीडिंग आदि योजनाओं में जनपद को ए-कैटेगरी में पाए जाने पर प्रसन्नता व्यक्त की।
मुख्य विकास अधिकारी संतोष बहादुर सिंह ने कार्यदायी संस्थाओं के परियोजना प्रबंधकों को निर्देशित करते हुए कहा कि जनपद में जो भी परियोजनाएं निर्माणाधीन हैं, उन्हें पूर्ण गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कर संबंधित विभाग को हैंडोवर करें। उन्होंने अधिशासी अभियंता नलकूप को निर्देेशित करते हुए कहा कि जनपद में कोई भी सरकारी ट्यूबेल विद्युत, यांत्रिक दोष से खराब न रहे, जो भी ट्यूबवेल विद्युत, यांत्रिक दोष से खराब है, उन्हें तत्काल ठीक कराया जाए, नहरें पूर्ण क्षमता के साथ संचालित हो ताकि किसानों को सिंचाई हेतु समय से पानी उपलब्ध हो सके।
बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आर.सी. गुप्ता, जिला विकास अधिकारी अजय कुमार, परियोजना निदेशक डी.आर.डी.ए. शोभनाथ चौरसिया, उपायुक्त एन.आर.एल.एम. शौकत अली, जिला विद्यालय निरीक्षक सतीश कुमार, जिला बेसिक शिक्षाधिकारी सूर्य प्रताप सिंह, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी अरुण कुमार शुक्ला, सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा डा. श्वेता सैनी, जिला पूर्ति अधिकारी रमन मिश्रा, जिला समाज कल्याण अधिकारी अशोक कुमार, जिला कार्यक्रम अधिकारी अशोक कुमार, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण, विद्युत, नहर, ग्रामीण अभियंत्रण, ऐ.के. अरुण, अनिल वर्मा, राजीव कुमार, नुज़हत परवीन सहित अन्य संबंधित अधिकारी, कार्यदायी संस्थाओं के अभियंता आदि उपस्थित रहे।



