मैनपुरी। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला संयोजक अभय चौधरी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सूर्य प्रताप सिंह से से मुलाकात कर शिक्षकों की विभिन्न लंबित शैक्षिक एवं सेवा संबंधी समस्याओं के निराकरण की मांग की। इस दौरान संघ की ओर से शिक्षकों की समस्याओं से संबंधित मांगपत्र सौंपकर उनके शीघ्र निस्तारण की मांग उठाई गई।
प्रतिनिधिमंडल ने 16,448 शिक्षक भर्ती के अंतर्गत नियुक्त शिक्षकों के चयन वेतनमान के आवेदन लंबित होने, प्रभारी प्रधानाध्यापकों को नियमित प्रधानाध्यापक के अनुरूप वेतन दिए जाने, सामूहिक बीमा (GIS) की धनराशि शिक्षकों के खातों में भेजने तथा अंकपत्र एवं प्रमाणपत्रों के सत्यापन के बाद भी कार्यालय स्तर से सत्यापन प्रमाणपत्र जारी न होने के कारण एरियर भुगतान में आ रही समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।
इसके अतिरिक्त बाल्यकाल देखभाल अवकाश, मेडिकल एवं प्रसूति अवकाश के आवेदनों का समय से निस्तारण करने, एक-दो दिन के अवकाश के दौरान वेतन कटौती के लंबित मामलों का निस्तारण कर चयन वेतनमान का लाभ दिलाने, विद्यालयों की अवकाश तालिका जारी करने तथा निरीक्षण के दौरान उपस्थित पाए जाने के बावजूद वेतन कटौती किए जाने की समस्या पर भी ध्यान आकृष्ट कराया गया।
संघ ने 15,000 शिक्षक भर्ती के अंतर्गत नियुक्त शिक्षकों की वार्षिक वेतनवृद्धि जनवरी 2017 से लागू करने, समायोजन प्रक्रिया में प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों में उत्पन्न विषय संबंधी विसंगतियों का शासनादेश के अनुरूप निस्तारण करने तथा नगर क्षेत्र की सीमा से आठ किलोमीटर के दायरे में स्थित परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों को नियमानुसार नगरीय आवास भत्ता दिए जाने की मांग भी उठाई।
प्रतिनिधिमंडल ने परिषदीय विद्यालयों में संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों के बच्चों के मध्याह्न भोजन (MDM) की कन्वर्जन कॉस्ट सीधे विद्यालय के एमडीएम खाते में भेजने की मांग की। संघ का कहना है कि कन्वर्जन कॉस्ट आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के खातों में भेजे जाने के कारण भोजन बनवाने वाले जिम्मेदार व्यक्तियों तक समय से धनराशि नहीं पहुंच पा रही है, जिससे मध्याह्न भोजन संचालन में कठिनाइयां उत्पन्न हो रही हैं।
*जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने समस्याओं को संज्ञान में लेकर दिए शीघ्र निस्तारण को पटल सहायकों को निर्देश।*
शिक्षक संघ द्वारा उठाई गई समस्याओं पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने गंभीरता से संज्ञान लिया। उन्होंने संबंधित पटल सहायकों को बुलाकर शिक्षकों के लंबित प्रकरणों की जानकारी ली और समस्याओं का शीघ्र निस्तारण कराने के निर्देश दिए। बीएसए की इस पहल से संगठन द्वारा उठाए गए मुद्दों के समाधान की उम्मीद जगी है। प्रतिनिधिमंडल ने आशा व्यक्त की कि अधिकारियों के निर्देशों के बाद शिक्षकों को लंबित प्रकरणों में जल्द राहत मिलेगी और उन्हें नियमानुसार देय लाभ प्राप्त हो सकेंगे।
जिला संयोजक अभय चौधरी ने कहा कि शिक्षकों की समस्याओं का समयबद्ध निस्तारण होना आवश्यक है। चयन वेतनमान, वेतनवृद्धि, एरियर, अवकाश स्वीकृति और भत्तों से संबंधित प्रकरण लंबे समय तक लंबित रहने से शिक्षकों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि संगठन शिक्षकों की जायज मांगों को विभागीय अधिकारियों के समक्ष लगातार उठाता रहेगा और समस्याओं के समाधान के लिए प्रभावी प्रयास करेगा। बीएसए द्वारा समस्याओं को संज्ञान में लेकर संबंधित पटल सहायकों को शीघ्र निस्तारण के निर्देश देना सकारात्मक पहल है।
ब्लॉक उपाध्यक्ष रंजीत यादव ने कहा कि शिक्षक विद्यालयों में शिक्षण कार्य के साथ-साथ विभागीय जिम्मेदारियों का भी निर्वहन करते हैं। ऐसे में उनकी सेवा संबंधी समस्याओं का समय से समाधान किया जाना चाहिए। उन्होंने 15,000 शिक्षक भर्ती के शिक्षकों की लंबित वार्षिक वेतनवृद्धि, वेतन पुनर्निर्धारण एवं एरियर से संबंधित मामलों का निस्तारण कर उन्हें नियमानुसार लाभ दिलाने की मांग की।
ब्लॉक संगठन मंत्री देवेंद्र सिंह ने कहा कि शिक्षकों को अवकाश स्वीकृति, वेतन कटौती, आवास भत्ता और एमडीएम संचालन जैसी समस्याओं से राहत मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि विभागीय प्रक्रियाओं में अनावश्यक देरी से शिक्षकों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। संबंधित प्रकरणों की समीक्षा कर उनका नियमानुसार शीघ्र निस्तारण किया जाना आवश्यक है।
अंत में प्रतिनिधिमंडल ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी से सभी बिंदुओं पर गंभीरतापूर्वक विचार करते हुए लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण कराने का अनुरोध किया, ताकि जनपद के शिक्षकों को नियमानुसार देय लाभ मिल सकें और वे बिना अनावश्यक परेशानी के अपने शिक्षण कार्य पर ध्यान केंद्रित कर सकें।
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ, जनपद मैनपुरी ने शिक्षकों की समस्याओं के समाधान के लिए निरंतर प्रयासरत रहने की प्रतिबद्धता जताई।



