
मैनपुरी(सूवि)महानिदेशक उपाम एल. वेंकटेश्वर लू ने मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना की समीक्षा के दौरान कहा कि इस योजना का लाभ समाज के गरीब परिवारों के होनहार बच्चों को मिले, इस योजना से जुड़े सभी अधिकारी, कर्मचारी, शिक्षक पूरी निष्ठा के साथ अपने दायित्वों को अंजाम दें, जनपद मुख्यालय पर 01 महाविद्यालय का चयन कर वहां यू.पी.एस.सी., यू.पी.पी.एस.सी. की परीक्षा की तैयारी करायी जायें, 01-01 इंटर कॉलेज का चयन कर वहां नीट, जे.ई.ई. की तैयारियों हेतु कक्षाएं संचालित की जाएं, इस कार्य में महाविद्यालयों के प्राचार्य, प्राचार्या, इंटर कॉलेज के गणित, भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान के प्रशिक्षित शिक्षकों का सहयोग लिया जाए, प्रत्येक तहसील स्तर पर भी विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए वहां भी कोचिंग की व्यवस्था की जाए, जो बच्चे हाल ही में जे.ई.ई., नीट आदि परीक्षाओं में सफल हुए हैं उनका भी सहयोग लेकर परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्रों का मार्ग प्रशस्त कराया जाए। उन्होंने जिला विद्यालय निरीक्षक को निर्देशित करते हुए कहा कि जनपद में संचालित 487 इंटर कॉलेज मे से कम से कम 01-01 प्रतिभाशाली, लगनशील, मेघावी छात्र को चिन्हित कर जनपद में संचालित अभ्युदय योजना के तहत संचालित कोचिंग में आकर प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी के लिए प्रेरित किया जाए, छात्र अपनी योग्यता, सामर्थ्य, रुचि के साथ आगे बढंे, विद्यालयों में ऐसा वातावरण सृजित किया जाए।
महानिदेशक उपाम ने कहा कि विद्यालयों में छात्रों को शैक्षिक वातावरण मिले, विद्यालयों में अनुशासन हो, शिक्षक सिर्फ छात्रों को डिग्री दिलाने के लिए नहीं बल्कि उन्हें ज्ञानवान, आदर्शवान, संस्कारवान बनाने की दिशा में काम करें, निष्ठा के साथ पूर्ण मनोयोग से अपने छात्रों को अपनी बौद्धिक क्षमता का लाभ प्रदान करें, उन्हंे सही मार्ग प्रशस्त कर जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करें। उन्होने कहा कि छात्रों के हित में प्रदेश सरकार ने महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए उन्हें मुफ्त कोचिंग देने हेतु योजना लागू की है, इस योजना के जरिए छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए उच्च स्तरीय मार्गदर्शन, परीक्षा से पहले प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिसमें संघ लोक सेवा आयोग यूपीएससी, उ.प्र. लोक सेवा आयोग यू.पीपी.एस.सी, अधीनस्थ सेवा चयन आयोग यूपी.एसएसएससी, अन्य भर्ती बोर्ड, नीट एनईईटी, जेईई, एनडीए, पीओ, एसएससी, टीईटी, बी.एड और अन्य परीक्षाएंे शामिल है। उन्होने कहा कि गरीब-निर्धन परिवारों, ग्रामीण परिवेश में निवास कर रहे ऐसे प्रभावशाली छात्र जो आर्थिक स्थिति के कारण बड़े शहरों में जाकर कोचिंग नहीं ले पाते थे, अब उन्हें जिले स्तर पर ही मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के अंतर्गत निःशुल्क कोचिंग मिलेगी, अब गरीब परिवारों, ग्रामीण परिवार के होनहार छात्र भी आई.ए.एस., पी.सी.एस., अन्य उच्च स्तरीय परीक्षाओं की कोचिंग कर उच्च पदों को सुशोभित कर सकेंगे।
जिलाधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह ने महानिदेशक उपाम को बताया कि राजकीय इंटर कॉलेज में अभ्युदय योजना के अन्तर्गत अपरान्ह 03 बजे से 5 बजे तक कोचिंग संचालित है, जिसमें विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे 68 पंजीकृत छात्रों को उच्च शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, बेसिक शिक्षा के प्रशिक्षित शिक्षकों के साथ-साथ जनपद के उच्चाधिकारियों द्वारा गाइडेंस किया जा रहा है। उन्होने आश्वस्त करते हुये कहा कि जनपद मुख्यालय पर नीट, जे.ई.ई. की तैयारी के लिए तत्काल विद्यालय का चयन कर कोचिंग प्रांरभ की जायेगी साथ ही तहसील मुख्यालय पर भी विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी हेतु निःशुल्क कोचिंग क्लासेस योजना के अन्तर्गत संचालित होंगी, जिसमें समय-समय पर वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा भी प्रतिभाग किया जायेगा साथ ही विभिन्न परीक्षाओं में सफल हुये अभ्यर्थियों से भी बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारियों के सम्बन्ध में जागरूक कराया जायेगा।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक कमलेश दीक्षित, मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार, अपर जिलाधिकारी राम जी मिश्र, मुख्य चिकित्साधिकारी डा.पी.पी. सिंह, उप जिलाधिकारी सदर नवोदिता शर्मा, क्षेत्राधिकारी नगर विजय पाल सिंह, परियोजना निदेशक डीआरडीए के.के. सिंह, उपायुक्त मनरेगा पी.सी.राम, जिला विद्यालय निरीक्षक मनोज वर्मा सहित अन्य अधिकारी, छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।


