निर्माणाधीन परियोजनाओं में कार्य की गुणवत्ता का रखा जाये विशेष ध्यान, राजस्व वादों के निस्तारण की प्रगति में दिखे सुधार-शैलेन्द्र कुमार।
मैनपुरी(सुवि)आयुक्त आगरा मंडल आगरा शैलेंद्र कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री डैशबोर्ड, मुख्यमंत्री जी की प्राथमिकता वाले विकास कार्यक्रमों की समीक्षा के दौरान सी.एम. डैशबोर्ड पर जनपद की 11-वीं रैंक एवं जन-शिकायतों के निस्तारण में प्रदेश में 14वीं रैंक होने पर जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह एवं उनकी पूरी टीम को बधाई देते हुए कहा कि जनपद के सभी अधिकारियों ने जन-शिकायतों के प्रभावी निराकरण एवं विभागीय लक्ष्यों की पूर्ति में बेहतर कार्य किया है। उन्होंने कहा कि अधिकारी अपने स्वास्थ्य को प्राथमिकता पर रखें, दिनचर्या में कुछ समय योगा, मॉर्निंग वॉक के लिए निर्धारित करें, कार्यों की प्लानिंग कर उनका निस्तारण करें, कार्यों के बोझ को अपने ऊपर हावी न होने दे, कार्यालय में फ्रेंण्डली वातावरण बनायें, आने वाले फरियादियों की बात विनम्रता पूर्वक सुने और उसका प्राथमिकता पर गुणवत्तापरक निराकरण करें ताकि आमजन को राहत महसूस हो। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं के अभियंताओं से कहा कि निर्माणाधीन परियोजनाओं में गुणवत्ता, समयबद्धता का विशेष ध्यान रखें, लाभार्थीपरक योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति को मिले, पात्रों के चयन में पूरी पारदर्शिता बरती जाए। उन्होंने कहा कि किसानों को खाद, बीज, सिंचाई हेतु पानी की उपलब्धता पर विशेष ध्यान दिया जाए, फसल अवशेष प्रबंधन के तहत किसानों को फसल अवशेष खेतों में न जलाने के लिए प्रेरित किया जाए, किसानों को खाद, बीज, कृषि यंत्र पर मिलने वाली अनुदान राशि डी.बी.टी. के माध्यम से तत्काल उपलब्ध करायी जाए, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, प्रधानमंत्री कुसुम योजना, प्रधानमंत्री किसान-सम्मान निधि योजना में लक्ष्यांे की प्राथमिकता पर पूर्ति की जाए।
मंडलायुक्त ने कहा कि वायो मेडिकल उपकरण क्रियाशील रहे, एंबुलेंस-102, 108 में जीवन रक्षक दवायें, उपकरण उपलब्ध रहें, एंबुलेंस के रिस्पांस टाइम पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होने समीक्षा के दौरान कहा कि जनपद में फार्मर रजिस्ट्री की प्रगति ठीक नहीं है, उप जिलाधिकारी, तहसीलदार, जिला पूर्ति अधिकारी, खंड विकास अधिकारी आपस में सामजंस्य स्थापित कर फार्मर रजिस्ट्री की प्रगति सुधारें। उन्होंने अधिशासी अभियंता विद्युत को निर्देशित करते हुए कहा कि विद्युत बिलिंग व्यवस्था सुधारी जाए, उपभोक्ताओं का किसी भी स्तर पर शोषण न हो, खराब ट्रांसफार्मर तत्काल बदले जाएं, शहरी क्षेत्र में 22 प्रतिशत, ग्रामीण क्षेत्र में 32 प्रतिशत लाइन लॉस है, लाइन लॉस रोकने के लिए विद्युत विभाग के अधिकारी प्रभावी कार्यवाही करें। उन्होंने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी से जानकारी करने पर पाया कि जनपद में 50 गौशालाएं संचालित है, जिसमें 11010 गोवंश संरक्षित है, जिस पर उन्होंने कहा कि जनपद में कोई भी निराश्रित गौंवश सड़कों पर दिखाई न दे, निराश्रित गोवंश किसानों की फसलों को नुकसान न पहुंचाएं, जो भी निराश्रित गौवंश सड़कों पर है, उन्हें तत्काल पकडवाकर गौशाला में संरक्षित किया जाए, पशु चिकित्साधिकारी नियमित रूप से अपनी आवंटित गौशालाओं का भ्रमण कर गोवंशों की देख-रेख करें, खंड विकास अधिकारी, अधिशासी अधिकारी नगर निकाय, उप जिलाधिकारी गौशालाओं का नियमित अंतराल पर निरीक्षण का व्यवस्थाएं देखें यदि संचालित गौशालाओं में स्थान शेष नहीं है तो अस्थायी गौ आश्रय बनाये जायें, इस हेतु उप जिलाधिकारी भूमि उपलब्ध करायें, खंड विकास अधिकारी मनरेगा से टिनशैड, पानी आदि की व्यवस्था करना सुनिश्चित कर अवशेष गोवंशों को अस्थाई गौशालाओं में संरक्षित करें।
उन्होंने छात्रवृत्ति, वृद्धावस्था, दिव्यांग, निराश्रित महिला पेंशन की समीक्षा के दौरान कहा कि विभिन्न लाभार्थीपरक योजनाओं का कोई भी आवेदन पत्र किसी भी स्तर पर लंबित न रहे, नये आवेदन पत्रों को तत्काल स्वीकृत किया जाए ताकि पात्रों को योजना का समय से लाभ मिल सके, ऑपरेशन कायाकल्प की समीक्षा के दौरान पाया कि जनपद के समस्त विद्यालय 16 बिंदुओं से संतृप्त हो चुके हैं, 950 विद्यालयांे में फर्नीचर, 64 विद्यालयों में बाउंड्रीवॉल एवं 192 विद्यालयों में दिव्यांग शौचालय का निर्माण अवशेष है, जिस पर उन्होंने निर्देशित करते हुए कहा कि ग्राम पंचायत निधि से विद्यालयों में दिव्यांग शौचालय, वॉउण्ड्रीबॉल का कार्य प्राथमिकता पर कराया जाए। उन्होंने परियोजना अधिकारी नेडा को निर्देशित करते हुए कहा कि पी.एम. सूर्यघर योजना की प्रगति सुधारी जाये, जनपद के समस्त विकास खडों, तहसीलों, थानों, राजकीय, वित्तपोषित विद्यालयों, कलेक्ट्रेट, विकास भवन सहित अन्य कार्यालयों में पी.एम. सूर्यघर योजना के तहत सोलर संयंत्र स्थापित कराये जाएं। उन्होंने जल जीवन मिशन की समीक्षा के दौरान अधिशासी अभियंता जल निगम को निर्देशित करते हुए कहा कि जहां भी पाइप लाइन का कार्य पूर्ण हो चुका है, वहां सड़क निर्माण का कार्य प्राथमिकता पर कराया जाए ताकि लोगों को आवागमन में किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े, खंड विकास अधिकारी अपने-अपने क्षेत्र के उन ग्रामों में सड़क मरम्मत की जानकारी करें, जहां पाइप लाइन का कार्य पूर्ण हो चुका है।
जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने कहा कि आज जनपद के सभी अधिकारियों को आपके लम्बे प्रशासनिक अनुभव का लाभ प्राप्त हुआ है, उन्होंने मंडलायुक्त को आश्वस्त करते हुए कहा कि जिले की पूरी टीम आपकी अपेक्षा पर खरी उतरेगी, जिन कार्यक्रमों, बिंदुओं में जनपद की प्रगति में सुधार की गुंजाइश है, वहां प्रयास कर उनमें भी सुधार लाया जाएगा, जन-शिकायतों के प्रभावी निराकरण के लिए निरंतर प्रयास किए जाएंगे, जनपद के प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षकों के साथ पंजीकृत छात्रों की उपस्थिति की दिशा में भी प्रभावी कार्यवाही होगी, विद्यालयों में शैक्षिक वातावरण सुधार के साथ-साथ मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा, राजस्व वादों के निस्तारण की प्रगति में सुधार दिखेगा, न्यायिक मजिस्ट्रेट निर्धारित दिवसों में अपने न्यायालय में बैठकर राजस्व वादों को सुन दायरा के अनुसार वादों का निराकरण करेंगे।
इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी नेहा बंधु, अपर जिलाधिकारी राम जी मिश्र, अपर जिलाधिकारी न्यायिक नवीन श्रीवास्तव, अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अनिल कुमार, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आर.सी. गुप्ता, उप जिलाधिकारी सदर, करहल, भोगांव, किशनी, कुरावली, अभिषेक कुमार, नीरज द्विवेदी, संध्या शर्मा, गोपाल शर्मा, राम नारायण, जिला विकास अधिकारी अजय कुमार, परियोजना निदेशक सत्येंद्र कुमार, उपायुक्त एन.आर.एल.एम. शौकत अली, उपायुक्त मनरेगा श्वेतांक पांडेय सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी आदि उपस्थित रहे।



