मैनपुरी(सुवि)जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने जनपद स्तरीय जिला आयुष समिति की बैठक में जनपद में संचालित आयुर्वेदिक चिकित्सालयों की स्थिति, आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के संचालन, योग वेलनेस सेंटरों की प्रगति, औषधियों की उपलब्धता, वितरण व्यवस्था तथा आयुष कैंपों की गतिविधियों की गहन समीक्षा करते हुए कहा कि आयुष सेवाओं को जन-जन तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के लिए सभी इकाईयों को सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार कर निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य करना होगा, सभी आयुर्वेदिक, होम्योपैथिक चिकित्सक अपने-अपने तैनाती स्थल पर समय से पहुंच मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करें, सभी स्वास्थ्य केन्द्रों पर पर्याप्त मात्राओं में दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाये। उन्होने जिला आयुर्वेदिक अधिकारी, जिला होम्योपैथिक अधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि जहां-जहां कार्यालय, चिकित्सालय निर्माण हेतु भूमि की आवश्यकता है, उसकी सूची तहसील, ग्रामवार उपलब्ध करायी जाये ताकि भूमि की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके, आयुर्वेदिक के 23 एवं होम्योपैथिक के 09 चिकित्सालयों का निर्माण जनपद में होना है, आयुर्वेदिक के समान, लेखराजपुर चिकित्सालय हेतु भूमि के प्रस्ताव डी.एल.आर.सी. के पास पहंुच चुके हैं, जिस पर उन्होने डी.एल.आर.सी. को निर्देशित किया कि कल तक प्रत्येक दशा में प्रस्तावों पर हस्ताक्षर कराकर भूमि आयुष विभाग को हस्तान्तरित की जाये।
समीक्षा के दौरान जानकारी करने पर पाया कि जनपद में 23 राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय संचालित हैं, जिनमें 16 चार-बेड के, 06 ओ.पी.डी. आधारित एवं एक 25-शैय्या युक्त चिकित्सालय शामिल है। उन्होने सभी चिकित्सालयों में आधार-भूत सुविधाओं, चिकित्सकीय स्टॉफ की उपलब्धता तथा मरीजों को दी जा रही सेवाओं की गुणवत्ता की समीक्षा करते हुए कहा कि जहां भी संसाधनों की कमी है, वहां शीघ्र समाधान सुनिश्चित किया जाए और सभी इकाईयों में नियमित निरीक्षण की व्यवस्था की जाए। उन्होने आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के संचालन की जानकारी करने पर पाया कि जनपद में 05 आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्वीकृत हैं, जिनका उन्नयन, ब्रांडिंग का कार्य पूर्ण हो चुका है और वहां नियमित रूप से ओ.पी.डी. सेवाएं संचालित की जा रही हैं, जनपद में 02 योग वेलनेस सेंटर भी संचालित हैं, जहां प्रशिक्षित योग प्रशिक्षकों एवं सहायकों द्वारा नियमित रूप से योगाभ्यास कराया जा रहा है, इन केंद्रों के माध्यम से लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ रही है और योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है, जिस पर उन्होने योग वेलनेस सेंटर्स की गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाये जाने एवं अधिकाधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित कराये जाने के निर्देश दिये।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी नेहा बंधु, परियोजना निदेशक सत्येन्द्र सिंह, जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. देवेन्द्र सिंह, जिला होम्योपैथिक अधिकारी डॉ. शैलेन्द्र कुमार सहित अन्य आयुष चिकित्सक, योग प्रशिक्षक डॉ. चन्द्रमोहन आदि उपस्थित रहे।



