डॉ0 किरन सौजिया सी0से0 एजू0 एकेडमी, मैनपुरी में फूड सुरक्षा कार्यक्रम आयोजित किया गया जिसमें फूड संरक्षण अधिकारी श्री अतुल पाठक मुख्य अतिथि के रूप में रहें एवं उनकी टीम के सदस्यों में सर्वश्री जयदीप सर, प्रदीप सर, सनोज सर भी उपस्थित रहे सर्वप्रथम मुख्य अतिथि ने अपनी टीम के साथ माता सरस्वती को माल्यार्पण कर दीप प्रज्वलित किया तत्पश्चात् मुख्य अतिथि व उनकी टीम का भव्य स्वागत किया गया। विद्यालय के प्रधानाचार्य जोश जोसेफ ने अतिथियों को पगड़ी व माला पहनाकर स्वागत किया। आदर्श राष्ट्रीय इण्टर काॅलेज के उप प्रधानाचार्य अनुज कुमार ने बुके देकर स्वागत किया। विद्यालय की वाइस प्रेसीडेन्ट डा0 किरन सौजिया ने अतिथियों को शाॅल उढ़ाकर व विद्यालय का डिस्टाॅल देकर स्वागत किया। मुख्य अतिथि ने खाद्य संरक्षण पर विस्तार से बच्चों को जानकारियाँ दीं। उन्होंने बताया जब हम बाजार में कोई खाद्य पदार्थ खरीदते हैं तो देखना चाहिए कि बेचने वाला साफ सुथरे कपड़े पहने हो, हाथों को भी ठीक साफ किए हो उसी से खरीदना चाहिए। कभी भी गन्दे कपड़े वाले विक्रेताओं से कदापि नहीं खरीदना चाहिए। उन्होंने प्रोटीनयुक्त भोजन करने की सलाह दी, फलों व दूध का अत्यधिक सेवन करना चाहिए। चाऊमीन व बर्गर जैसे खाद्य पदार्थों का कभी भी प्रयोग नहीं करना चाहिए। हमेशा आर0ओ0 वाटर या शुद्ध जल का सेवन करना चाहिए। दालों का खूब सेवन करना चाहिए ऐसी बहुत सी जानकारियाँ बच्चों को दी। ज्यादा चीनी और नमक व चिकनाई का सेवन नहीं करना चाहिए। तत्पश्चात् सनोज सर ने भी काफी अच्छी-अच्छी जानकारियाँ दी उन्होंने बताया कि सभी को प्रोटीनयुक्त भोजन करना चाहिए, सायं के खाने में फल भी लेना चाहिए। इनके सेवन से शरीर बलिष्ठ बनता है, डालडा जैसी वनस्पतियों के आॅयल का कम प्रयोग करना चाहिए। नीबू, संतरे जैसे फलों का खूब सेवन करना चाहिए। खाने से पहले हाथों को खूब धोना चाहिए।

विद्यालय की वाइस प्रेसीडेन्ट डा0 किरन सौजिया ने कहा इस कार्यक्रम में बच्चों को खाद्य संरक्षण की बहुत सारी जानकारियाँ मिलीं ये जानकारियाँ बच्चे अपने घर पर भी अपने माता-पिता को देंगे, बच्चे जानते हैं कि ये चीजें खाने से हम बीमार हो जाते हैं लेकिन फिर भी इसको अनदेखा कर खाते हैं। उन्होंने बताया कि मानव जीवन के प्रारम्भ के समय चिकनाई युक्त भोजन नहीं, कंदमूल फल ही भोजन था तभी कोई बीमार नहीं पड़ता था हम सभी को संतुलित आहार करना चाहिए। फलों का सेवन करना चाहिए।

अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य जोश जोसेफ ने कार्यक्रम में आए हुए सभी लोगों का धन्यवाद दिया और उन्होंने बच्चों को दी हुई जानकारियों को कितना प्राप्त किया यह भी जाना। कार्यक्रम के अंत में खाद्य संरक्षण की गाड़ी के पास उन्होंने विद्यालय में दिया जाने वाला दूध भी परखनली में डालकर परीक्षण व चना की दाल का भी परीक्षण करके दिखाया और बताया कि आपको दूध भी शुद्ध पीने को मिलता है। दाल में भी किसी भी प्रकार की मिलावट नहीं की गयी है। सारी चीजें बच्चों को विशुद्ध खाने पीने को मिलती हैं।

इस अवसर पर विद्यालय की वाइस प्रेसीडेन्ट डाॅ0 किरन सौजिया, प्रधानाचार्य जोश जोसेफ, उप प्रधानाचार्या अनीशा एल दास, विद्यांशू सौजिया, अध्यापिका श्रेया द्विवेदी, एनसीसी एएनओ प्रदीप यादव अध्यापक डा0 नेमकुमार एवं अन्य अध्यापक/अध्यापिकाएँ मौके पर उपस्थित रहे।