
सप्ताह में एक बार कम से कम 02 घंटा जल पात्रों की सफाई में व्यतीत करें, लोगों को इस कार्य हेतु प्रेरित किया जाये-अविनाश।
मैनपुरी 22 सितंबर, 2022- वेक्टर जनित बीमारियों से बचने के लिए जन-सामान्य को जागरूक किया जाए, गत वर्ष जिन क्षेत्रों में डेंगू, मलेरिया के मरीज मिले हैं, उन स्थानों पर विशेष सतर्कता बरती जाए, वहां जल निकासी से लेकर साफ-सफाई, फोगिंग के मुकम्मल इंतजाम किए जाएं, सभी संबंधित अधिकारी आपस में समन्वय स्थापित कर वेक्टर जनित बीमारियों की रोकथाम की दिशा में कार्य करें, 01 अक्टूबर से प्रारंभ हो रहे विशेष संचारी रोग नियंत्रण एवं 07 अक्टूबर से प्रारंभ हो रहे दस्तक अभियान मे कार्य योजना के तहत कार्य करें, तहसील, ब्लॉक, ग्राम स्तरीय अधिकारी, कर्मचारी अपने-अपने क्षेत्र में लोगों को वेक्टर जनित बीमारियों से बचाने हेतु जागरूक करें, शहरी, ग्रामीण क्षेत्रों में नियमित रूप से एंटी लार्वा का छिड़काव कराया जाए, सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर चिकित्सक, पैरामेडिकल स्टाफ उपस्थित रहे, पर्याप्त मात्रा में दवाएं भी सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर उपलब्ध रहें, मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया की रोकथाम के बारे में प्रचार-प्रसार कराया जाए।
उक्त निर्देश जिलाधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह ने विशेष संचारी रोग नियन्त्रण अभियान, दस्तक अभियान हेतु अन्तर्विभागीय डीटीएफ की बैठक की समीक्षा के दौरान दिया। उन्होने कहा कि संचारी रोगों पर प्रभावी नियंत्रण हेतु कार्यवाही की जाये, अभियान की सघन मानीटरिंग की जाय, संचारी रोगों की रोकथाम हेतु साफ-सफाई, कचरा निस्तारण, जल भराव को रोकने, शुद्ध पेयजल की उपलब्धता पर विशेष जोर दिया जाये, सम्बन्धित विभाग आपसी समन्वय स्थापित कर रोागों की रोकथाम हेतु कार्यवाही करें। उन्होने कहा कि माइक्रो प्लान बनाकर तत्काल फॉगिंग, एंटी लार्वा का छिड़काव कराएं, ग्रामीण क्षेत्रो में ऐसे स्थान जहां जलभराव की स्थिति बनी रहती है उन्हे चिन्हित कर सम्बन्धित खंड विकास अधिकारियों के माध्यम से ठीक कराया जाये।
मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार ने अभियान के नोडल अधिकारी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि प्रत्येक विकासखंड स्तर, नगरपालिका परिषद पर 02-02 एवं प्रत्येक नगर पंचायत में 01-01 आर. आर.टी. टीम गठित की जाएं, सभी निगरानी समितियां सक्रिय रहे, जहां भी बुखार के मरीजों की सूचना मिले, तत्काल आरआरटी टीम मौके पर पहुंचकर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करें, पशुपालकों विशेषकर सूकर पालकों को हिदायत दी जाए कि वह अपने जानवरों को बाड़े में ही बांधकर रखें, किसी भी दशा में खुला न छोड़ें, बाड़ों में सफाई के मुकम्मल इंतजाम किए जाएं, पशुपालकों को जागरूक किया जाए कि इस मौसम में पशुओं के मल-मूत्र से बीमारी फैलने का अंदेशा बना रहता है, इसलिए मल-मूत्र को एकत्र न होने दें, पशुओं के बांधने वाले स्थानों पर सफाई रखी जाए।
उन्होंने अधिशासी अधिकारी नगर निकाय, जिला पंचायत राज अधिकारी को आदेशित करते हुए कहा कि सभी ओवरहेड टैंक के डोजर क्रियाशील रहें, उनमें समय-समय पर क्लोरीन डाली जाए, उथले हेडपंपों को लाल रंग से चिन्हित किया जाए, लोगों को इंडिया मार्का हेडपंप का पानी पीने के लिए जागरूक किया जाए। उन्होंने कहा कि बड़े तालाबों के किनारे बीटीआई दवा का छिड़काव कराया जाए, दवा को मिट्टी में मिलाकर तालाब के बीच में फेंका जाए ताकि तालाबों में एंटी लार्वा पैदा न हो सके, जलभराव वाले स्थानों पर विशेष सतर्कता बरती जाए, जल निकासी के उचित प्रबंध किए जाएं, नालियों-घरों में नियमित रूप से छिड़काव कराया जाए, दस्तक अभियान के दौरान आशा प्रत्येक घर का भ्रमण करें, सभी एमओआईसी सुनिश्चित करें, अभियान के दौरान कोई भी घर भ्रमण से शेष न रहे, जिन घरों में भ्रमण के दौरान लंबे समय से खांसी के मरीज पाए जाएं या 15 वर्ष से आयु की कम बच्चे जो कुपोषण से ग्रसित हों, के मकानों पर लाल रंग का स्टीकर अवश्य लगाया जाए, घर-घर भ्रमण के दौरान बुखार से पीड़ित व्यक्तियों को तत्काल स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जाएं, मलेरिया आदि की जांच कराने में विलंब न किया जाए। उन्होंने असंतोष व्यक्त करते हुए कहा कि गत माह जुलाई में आयोजित संचारी रोग नियंत्रण अभियान, दस्तक अभियान के दौरान मैनपुरी अर्बन में मात्र 73 प्रतिशत घरों में ही आशाओं द्वारा भ्रमण किया गया है, यह स्थिति किसी भी दशा में ठीक नहीं है, प्र. चिकित्साधिकारी सुनिश्चित करें कि 07 अक्टूबर से प्रारंभ होने वाले दस्तक अभियान के दौरान आशा प्रत्येक घर का भ्रमण कर लोगों से संवाद करें, भ्रमण के दौरान घर के अंदर जाकर जल पात्रों को देखे।
बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. पी.पी. सिंह, मुख्य चिकित्साधीक्षक महिला डॉ. ए. के. पचौरी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राजीव राय, डॉ. संजीव राव बहादुर, जिला विद्यालय निरीक्षक मनोज कुमार वर्मा, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी दीपिका गुप्ता, जिला कार्यक्रम अधिकारी ज्योति शाक्य, जिला पंचायत राज अधिकारी अविनाश सिंह, जिला कृषि अधिकारी सूर्यप्रताप, परियोजना अधिकारी डूडा आर.के. सिंह, यूनिसेफ से संजीव पांडे, स्वास्थ्य शिक्षाधिकारी रविंद्र गौर, मलेरिया अधिकारी एस. एन. सिंह, डा. अनिल यादव, समस्त खंड विकास अधिकारी, प्र. चिकित्सा अधिकारी आदि उपस्थित रहे।



