मैनपुरी(सूवि) जिलाधिकारी अविनाश कृष्ण सिंह ने माह नवम्बर में आयोजित होने वाले मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना कार्यक्रम की तैयारियों संबंधी बैठक मे उप जिलाधिकारियों, खंड विकास अधिकारियों, अधिशासी अधिकारी नगर निकाय से कहा कि सामूहिक विवाह योजना का लाभ पाने के लिए प्राप्त फार्म की गहनता से जांच करें, वर-वधु, उनके अभिभावकों को कार्यालय बुलाकर भौतिक सत्यापन करें, प्राप्त सभी आवेदन पत्रों का शत-प्रतिशत भौतिक सत्यापन किया जाए, योजना का लाभ पात्र, गरीब परिवार की कन्या को मिले सुनिश्चित किया जाए यदि कहीं अपात्र को योजना में लाभान्वित किया गया तो संबंधित की जवाबदेही तय कर दंडात्मक कार्यवाही होगी। उन्होने कहा कि जनपद हेतु आवंटित 01 हजार लक्ष्य की पूर्ति हेतु प्रत्येक विकास खंड को 100-100, अधिशाषी अधिकारी नगर पालिका को 75 एवं अन्य समस्त अधिशाषी अधिकारी को 25-25 का लक्ष्य आवंटित किया गया है, उप जिलाधिकारी, खंड विकास अधिकारी, अधिशाषी अधिकारी स्थानीय निकाय आवंटित लक्ष्य की पूर्ति करें, इस हेतु लेखपाल, सचिव, सफाई नायक, ग्राम प्रधानों का सहयोग लिया जाये, इनके माध्यम से वार्ड, ग्रामों में ऐसे गरीब परिवारों को जिनके यहां शादी प्रस्तावित है, को चिन्हित कराकर उन्हें योजना में लाभान्वित कराया जाये, पात्रों के चिन्हांकन में जन प्रतिनिधियों, संभ्रात व्यक्तियों का भी सहयोग लिया जाये।
श्री सिंह ने कहा कि मा. मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में जनपद को 01 हजार शादी का लक्ष्य शासन स्तर से आवंटित किया गया है, शादी समारोह 26 नवम्बर को आयोजित होगा, प्रत्येक शादी पर रू. 51 हजार व्यय होगा, जिसमें से रू. 35 हजार की धनराशि वधु के बैंक खाते में भेजी जानी है, इसलिए सभी सम्बन्धित अधिकारी, कर्मचारी सुनिश्चित करें कि आवेदन के साथ ही वधु का बैंक खाते का विवरण प्रत्येक दशा में प्राप्त किया जाये, प्राप्त सभी आवेदन पत्रों की गहनता से जांच की जाये, खासतौर पर वर की उम्र 21 एवं वधु की उम्र 18 वर्ष से कम न हो इस हेतु आवेदन पत्र के साथ वर-वधु का शैक्षिक प्रमाण-पत्र, मनरेगा जॉब कार्ड, आधार कार्ड, मतदाता पहचान पत्र आदि में कोई न कोई दस्तावेज अवश्य लगवाया जाये, अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग की दशा में जाति प्रमाण-पत्र संलग्न कराया जाये, भौतिक सत्यापन के समय वर-वधु की आयु, आय के प्रमाण पत्र की जांच गहनता से की जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि शहरी क्षेत्र में संबंधित उप जिलाधिकारी, अधिशासी अधिकारी नगर निकाय एवं ग्रामीण क्षेत्र में संबंधित खंड विकास अधिकारी प्राप्त आवेदन पत्रों की जांच, पात्र को लाभान्वित कराने के लिए जिम्मेदार होंगे, पात्रता का चयन पूरी सावधानी से किया जाये। उन्होने बताया कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत 02 लाख वार्षिक आय सीमा के अन्तर्गत आने वाले परिवारों की वयस्क पुत्रियों के विवाह हेतु इस योजना से लाभान्वित किया जा रहा है, सभी वर्गों के जरूरतमंद, निराश्रित परिवारों की कन्याओं के विवाह हेतु सामूहिक आयोजन किया जाता है, इस योजना के तहत विधवा, परित्यक्ता, तलाकशुदा महिलाओं के विवाह की भी व्यवस्था है, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत नगरीय निकाय (नगर पंचायत, नगर पालिका परिषद, नगर निगम) क्षेत्र पंचायत, जिला पंचायत स्तर पर पंजीकरण कराये जाने की व्यवस्था की गई है।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार, अपर जिलाधिकारी राम जी मिश्र, मुख्य चिकित्साधिकारी डा. पी.पी. सिंह, उप जिलाधिकारी सदर, भोगांव, करहल, घिरोर, नवोदिता शर्मा, अंजलि सिंह, गोपाल शर्मा, शिव नारायण, तहसीलदार कुरावली, खंड विकास अधिकारी, अधिशासी अधिकारी नगर निकाय आदि उपस्थित रहे, बैठक का संचालन जिला समाज कल्याण अधिकारी, डिप्टी कलेक्टर वीरेन्द्र कुमार मित्तल ने किया।